वरुष पिरप्पु: सूर्य का मेष में प्रवेश
तमिल नववर्ष, पुथांडु या वरुष पिरप्पु (शाब्दिक रूप से, नए वर्ष का जन्म), एक सौर खगोलीय घटना है, चंद्र घटना नहीं। यह तब मनाया जाता है जब सूर्य मीन राशि से मेष राशि में, राशिचक्र की पहली राशि में, संक्रमण करता है। यह संक्रमण लगभग हमेशा 14 अप्रैल को पड़ता है, हालांकि सटीक क्षण हर वर्ष थोड़ा बदलता है। युगादि जैसे चंद्र-सौर नववर्षों के विपरीत, पुथांडु का एक सटीक खगोलीय आधार है, जो इसकी गणना को सभी भौगोलिक क्षेत्रों और समय क्षेत्रों में एक समान बनाता है: मेष संक्रांति का क्षण।
सबसे विशिष्ट पुथांडु परंपरा है कणी: सुबह का शुभ प्रथम दर्शन। पिछली शाम, घर की महिलाएं एक कणी थाली सजाती हैं जिसमें शामिल हैं: एक दर्पण (आत्म-चिंतन के लिए), सोने-चांदी के आभूषण, सिक्के (समृद्धि के लिए), पके पीले फल जैसे केला और कटहल, पान के पत्ते और सुपारी, फूल, चावल, एक जलता हुआ दीपक, और एक पवित्र ग्रंथ। बच्चों और बड़ों को आंखें बंद करके इस थाली के पास लाया जाता है, फिर आंखें खोलने दी जाती हैं: विचार यह है कि नववर्ष के दिन देखी गई पहली चीज़ें आने वाले महीनों के लिए शुभ संकेत होनी चाहिए।
पुथांडु दक्षिण और दक्षिण-पूर्व एशिया में समान सौर नववर्ष उत्सवों के साथ भी मेल खाता है: केरल में विषु अपनी कणी परंपरा और पटाखों की परंपरा के साथ मनाया जाता है; पंजाब में बैसाखी उसी सौर संक्रमण को चिह्नित करती है लेकिन भांगड़ा और फसल के साथ मनाई जाती है; असम में बिहू, बंगाल में पोहेला बोइशाख, और थाईलैंड, म्यांमार, कंबोडिया व श्रीलंका के नववर्ष, सभी 14 अप्रैल के आसपास पड़ते हैं। यह साझा खगोलीय संरेखण हमें याद दिलाता है कि संस्कृतियां भिन्न होते हुए भी, आकाश सबको एकजुट करता है: वही सूर्य उसी नक्षत्र-मंडल में प्रवेश करके पूरे गोलार्ध में नवीनीकरण का संकेत देता है।
| चौघड़िया | से | तक |
|---|---|---|
| लाभ | अप्रैल/14/2015 10:47:22 AM | अप्रैल/14/2015 12:20:10 PM |
| लाभ | अप्रैल/14/2015 07:58:31 PM | अप्रैल/14/2015 09:25:38 PM |
| शुभ | अप्रैल/14/2015 10:52:45 PM | अप्रैल/15/2015 12:19:53 AM |
| अमृत | अप्रैल/15/2015 12:19:53 AM | अप्रैल/15/2015 01:47:00 AM |
| चल | अप्रैल/15/2015 01:47:00 AM | अप्रैल/15/2015 03:14:07 AM |
| लाभम | अप्रैल/14/2015 07:41:45 AM – अप्रैल/14/2015 08:37:26 AM | |
| सुगम | अप्रैल/14/2015 10:47:22 AM – अप्रैल/14/2015 12:20:10 PM | |
| उत्ती | अप्रैल/14/2015 01:52:59 PM – अप्रैल/14/2015 03:25:47 PM | |
| अमृता | अप्रैल/14/2015 04:58:36 PM – अप्रैल/14/2015 06:31:24 PM |
| उत्ती | अप्रैल/14/2015 07:58:31 PM – अप्रैल/14/2015 09:25:38 PM | |
| अमृता | अप्रैल/14/2015 10:52:45 PM – अप्रैल/15/2015 12:19:53 AM | |
| लाभम | अप्रैल/15/2015 01:47:00 AM – अप्रैल/15/2015 03:14:07 AM | |
| धनम | अप्रैल/15/2015 03:14:07 AM – अप्रैल/15/2015 04:41:14 AM | |
| सुगम | अप्रैल/15/2015 04:41:14 AM – अप्रैल/15/2015 06:08:21 AM |
आज का पंचांग, त्योहार, मुहूर्त और बहुत कुछ देखें
🕉 पंचांग चैट खोलें